दक्षिण दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में रविवार अपराह्न छात्रों के ‘पीजी’ के तौर पर इस्तेमाल की जा रही पांच मंजिला इमारत ढह गई, जिससे एक व्यक्ति की मौत हो गई जबकि कई लोग अभी भी मलबे में फंसे हुए हैं। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
यह इलाका दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के ‘साउथ कैंपस’ के प्रमुख हिस्से के पास स्थित है और यहां की संकरी एवं भीड़भाड़ वाली गलियों में कई छात्रावास तथा भोजनालय हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, इमारत करीब 20 साल पुरानी थी और घटना के समय, अपराह्न करीब 1.30 बजे, बेसमेंट में निर्माण कार्य जारी था।
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के सूत्रों ने बताया कि अस्पताल में लाए गए चार घायलों में से दो की हालत अब भी गंभीर है, जबकि एक को मृत अवस्था में लाया गया था। एक बचावकर्मी को भी अस्पताल लाया गया था, जिसे उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि स्थानीय पुलिसकर्मी, दमकल विभाग, ‘कैट’ एंबुलेंस और अन्य आपातकालीन सेवाएं मौके पर मौजूद हैं। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की टीम भी घटनास्थल पर पहुंच गई है और बचाव एवं राहत अभियान जारी है।
पुलिस ने एक बयान में बताया कि अपराह्न 1.34 बजे साउथ कैंपस थाने में नानकपुरा गुरुद्वारे के पास एक इमारत ढहने के संबंध में पुलिस नियंत्रण कक्ष (पीसीआर) को सूचना मिली।
बयान में कहा गया, ‘‘मलबे में फंसे या घायल लोगों की सटीक संख्या फिलहाल ज्ञात नहीं है। अब तक कुछ लोगों को मलबे से निकाला गया गया है। पुष्टि होने पर आगे की जानकारी साझा की जाएगी।’’
पुलिस ने बताया कि उन्होंने इमारत के मालिक की पहचान कर ली है और उसे पकड़ने के लिए कई टीम गठित की गई हैं।
अधिकारियों के अनुसार, ढही हुई इमारत को ‘हॉस्टल डेज’ के नाम से जाना जाता था।













