देश में इस समय मॉनसून कमजोर पड़ा हुआ है और पूर्वी भारत को छोड़कर अधिकांश हिस्सों में बारिश की कमी बनी हुई है, जिससे किसानों, फसलों और जलाशयों पर असर पड़ रहा है। हालांकि, पश्चिमी प्रशांत महासागर में बन रहे कई मौसमी सिस्टम उम्मीद जगा रहे हैं। मौसम मॉडल संकेत दे रहे हैं कि अगर ये सिस्टम बंगाल की खाड़ी तक पहुंचते हैं, तो 18 से 25 जुलाई के बीच मॉनसून फिर से सक्रिय हो सकता है। फिलहाल मौसम वैज्ञानिक स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।












