बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने जहानाबाद सदर अस्पताल में एक व्यक्ति के पैर के फ्रैक्चर को स्थिर रखने के लिए प्लास्टर की जगह गत्ते का इस्तेमाल किए जाने की घटना को लेकर शुक्रवार को राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि बिहार का ‘‘स्वास्थ्य विभाग खुद आईसीयू में है।’’
यह घटना बृहस्पतिवार को जहानाबाद सदर अस्पताल में हुई, जहां हुलासगंज में दो मोटरसाइकिलों की टक्कर में घायल होकर पैर में फ्रैक्चर झेलने वाले दो युवकों को चिकित्सकों ने निचले हिस्से में गत्ता बांधकर सहारे के साथ पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (पीएमसीएच) रेफर कर दिया।
तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘क्या बिहार की आर्थिक स्थिति इतनी दयनीय हो गई है कि जिला अस्पताल में टूटे पैर पर प्लास्टर चढ़ाने तक के लिए सरकार के पास पैसे नहीं हैं। हमारे 17 महीने के कार्यकाल में हमने दृढ़ संकल्प और प्रतिबद्धता के साथ बिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था में गुणात्मक बदलाव किए थे, लेकिन अब स्वास्थ्य विभाग उन सुधारवादी नीतियों और निर्णयों को लागू करने में भी असमर्थ है। वह खुद आईसीयू में है।












