राहुल गांधी ने पुणे में ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि मनुस्मृति में महिलाओं की गलत व्याख्य की गई है। लड़कियों के मुद्दे पर केंद्रित इस कार्यक्रम में उन्होंने रोजमर्रा की जिंदगी में महिलाओं के साथ होने वाली हिंसा का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि लड़कियों को तीन तरीके की हिंसा से जूझना पड़ता है। उन्होंने कहा कि रोज 80 प्रतिशत लड़कियों को घर के बाहर सड़क पर, कॉलेज में. ऑफिस में उत्पीड़न का सामना करना पड़ता है। वहीं देश में 100 में से 29 महिलाओं को हिंसा का सामना करना पड़ता है।
पुणे में राहुल गांधी के छात्रों की गूंज कार्यक्रम में भोजपुरी लोक गायिका नेहा सिंह राठौड़ भी शामिल हुईं। उन्होंने मंच से कहा कि इस सरकार से, प्रधानमंत्री से सवाल पूछने पर चारों तरफ से गालियों का सामना करना पड़ता है।












